कल भगवती जी पढ़कर पूरा हुआ। बहुत संतोषजनक था । बट एक बात की ग्लानि थी कि मै सब बातों को समझने मे सक्षम क्यों नही हूं ।
अदरवाइज़ -
जैन आगमों को पढना बहुत बड़ा सौभाग्य-हजार भाग्य -लाख भाग्य-करोड़ भाग्य -करोड़ करोड़ भाग्य है ।🥳🥳🥳🥳🥳💃🕺💃🕺💃💃💃💃नाचो नाचो ।
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