बुधवार, 6 सितंबर 2023

वे शिक्षक जिनकी मैं कल बात कर रही थी , ऊपर ऊपर से ढोंग करते हैं अ-श्रद्धालू  होने का , चंटई , सन्नी लियोनी । यह एक खोल है जो इन्होंने ओढ़ रखा है अपने भीतर की श्रद्धा को बचाने का ।

अन्यथा कहीं भीतर ये गहरे आदर्शवादी हैं ।  कहीं झलक देखते हैं सच्चाई की, तो झुक जाते हैं।(कड़ी परीक्षा लेने के बाद। इस मामले मे पूरे कडियल हैं )

स्वयं अपने जमाने के माने हुए प्रभावशाली सत्ता पुरुष,  विचार पुरुष, सत्ता-विचार पुरुष होते हुए सबके सामने एक अदना स्त्री से माफी मांगने में भी नहीं हिचकिचाते ।(टाइमलाइन याद रहे)

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मैने कभी लिखा नही । 

क्या फायदा ।

दरअसल हिन्दी मे लोगों के जुड़ने की ऐसी चित्र-विचित्र वैराइटियां है कि ऐसे सरोकार से भी कोई जुड़ सकते है ,यह बात हजम करने मे अभी 1000  साल तो लग ही जाएंगे । 

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#कल शिक्षक दिवस था। 

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